बंद खिड़की
हर रात ठीक 2:46 बजे खिड़की पर खरोंच की आवाज़ आती थी। शुरुआत में रोहन ने इसे नज़रअंदाज़ किया। नई…
हर रात ठीक 2:46 बजे खिड़की पर खरोंच की आवाज़ आती थी। शुरुआत में रोहन ने इसे नज़रअंदाज़ किया। नई…
मुस्कान… नाम सुनते ही जैसे किसी खुशमिज़ाज, हँसमुख लड़की की तस्वीर उभरती है। लेकिन उसकी कहानी उतनी सरल नहीं है।…
आरव मल्होत्रा जब पहली बार उस ऊँची, चमचमाती इमारत के सामने खड़ा हुआ, तो उसे लगा जैसे उसने ज़िंदगी की…
सर्दियों की सुबहें हमेशा थोड़ी धुंध लेकर आती हैं। लेकिन उस दिन स्टेशन की धुंध कुछ ज़्यादा ही गहरी थी…
दिल्ली की उमस भरी शाम थी जब आर्यन ने कार स्टार्ट की। भाई, इस बार ट्रिप अधूरी नहीं छोड़ेंगे, उसने…
रात के ठीक बारह बजे निधि का फोन फिर से बजा। कमरे में हल्की पीली रोशनी जल रही थी और…
डिलीवरी रूम के बाहर अर्जुन बेचैनी से चक्कर काट रहा था। अंदर से पत्नी की दर्द भरी चीखें आ रही…
कहते हैं कुछ मुलाक़ातें इत्तेफ़ाक़ नहीं होतीं — वो पहले से तय होती हैं। मुझे इस बात पर कभी यक़ीन…
कभी-कभी डर सिर्फ़ हमारे सामने नहीं होता। वो हमारी आंखों में, हमारे दिल में, हमारे दिमाग में, हमारे कमरे में,…
कुछ जगहें मरी हुई नहीं होतीं… बस इंतज़ार करती हैं — किसी के लौट आने का। वह कॉल जो नहीं…